
चम्पावत लोहाघाट👉 जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डाइट) लोहाघाट में कक्षा 11 के विद्यार्थियों के लिए आयोजित तीन दिवसीय ‘कौशलम’ प्रशिक्षण कार्यक्रम का बुधवार को समापन हो गया। 24 से 26 अगस्त तक आयोजित कार्यशाला में विद्यार्थियों को उद्यमशील सोच के साथ-साथ 21वीं सदी के जरूरी कौशलों से रूबरू कराया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ 24 अगस्त को डाइट प्राचार्य दिनेश खेतवाल और कार्यक्रम संयोजक डॉ. कमल गहतौड़ी ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। वक्ताओं ने कहा कि स्कूली स्तर से ही विद्यार्थियों में नवाचार, समस्या समाधान, रचनात्मक सोच और व्यावसायिक दृष्टिकोण विकसित करना कार्यक्रम का प्रमुख उद्देश्य है। इससे विद्यार्थी भविष्य में आत्मनिर्भर बनने के साथ नए रोजगार और अवसर पैदा करने की दिशा में आगे बढ़ सकेंगे। उद्यम लर्निंग फाउंडेशन की जिला समन्वयक नैना ने भी कार्यक्रम में सहभागिता की।
कार्यशाला में जनपद के 54 विद्यालयों के शिक्षक-शिक्षिकाओं और छात्र प्रतिनिधियों ने प्रतिभाग किया। प्रशिक्षण को बेहतर ढंग से संचालित करने के लिए प्रतिभागियों को नौ समूहों में विभाजित किया गया। संदर्भदाता नीरज जोशी, खीम सिंह बोरा, निधिराज और अरिमर्दन सिंह ने विभिन्न सत्रों के माध्यम से विद्यार्थियों को आलोचनात्मक चिंतन, टीमवर्क, प्रभावी संवाद और नए विचारों को व्यवहारिक रूप देने के तौर-तरीकों की जानकारी दी।
बुधवार को आयोजित समापन समारोह में उद्योग विभाग की महाप्रबंधक सुमेधा पंत मुख्य अतिथि रहीं। उन्होंने विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत नवाचारी विचारों की सराहना करते हुए कहा कि उपयोगी और उत्कृष्ट उत्पाद विकसित करने वाले विद्यार्थियों को उद्योग विभाग की ओर से हरसंभव सहयोग एवं मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जाएगा।
कार्यक्रम के समापन पर आयोजकों ने सभी संदर्भदाताओं, शिक्षकों और 54 विद्यालयों से पहुंचे प्रतिभागियों का आभार जताया। तीन दिवसीय प्रशिक्षण को विद्यार्थियों में उद्यमिता, नवाचार और आत्मनिर्भरता की भावना विकसित करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल बताया गया।










