रात के अंधेरे में जंगल का खतरा कड़ाके की ठंड जिला अधिकारी चंपावत का ग्रामीणों की सुरक्षा को लेकर एक्शन,रात के अंधेरे में जिलाधिकारी को देख ग्रामीणों में उत्साह ग्रामीणों ने कहा अधिकारी हो तो ऐसे हो👉

रात के अंधेरे में जंगल का खतरा कड़ाके की ठंड जिला अधिकारी चंपावत का ग्रामीणों की सुरक्षा को लेकर एक्शन,रात के अंधेरे में जिलाधिकारी को देख ग्रामीणों में उत्साह ग्रामीणों ने कहा अधिकारी हो तो ऐसे हो👉

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चम्पावत UK

लोहाघाट👉 रात का अँधेरा, जंगल का खतरा… और जिलाधिकारी का ऑन_ग्राउंड_एक्शन ग्रामीणों की सुरक्षा सर्वोपरि
देर रात वन विभाग की गश्त में शामिल हुए जिलाधिकारी कहा ग्रामीणों_की_सुरक्षा_सर्वोपरि”
लोहाघाट के मंगोली क्षेत्र में गुलदार की सक्रियता के बीच जिलाधिकारी_मनीष_कुमार ने ग्रामीणों_की_सुरक्षा को सर्वोच्च_प्राथमिकता देते हुए वन विभाग को पिंजरे लगाने, ट्रैप_कैमरों से निगरानी बढ़ाने और दिन_रात_गश्त सुनिश्चित करने के निर्देश दिए थे।

इसी बीच जिलाधिकारी देर रात स्वयं मंगोली पहुँचे और अंधेरे व ठंड के बावजूद मौके पर जाकर सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने न केवल वन विभाग द्वारा लगाए गए पिंजरों और कैमरा ट्रैप की स्थिति देखी, बल्कि टीमों के साथ रात्रि गश्त में भी शामिल होकर क्षेत्र का #निरीक्षण किया और गुलदार की हालिया गतिविधियों के बारे में विस्तृत जानकारी ली।
जिलाधिकारी ने मौके पर मौजूद अधिकारियों को निर्देश दिए कि मजबूत पिंजरे लगाए जाएँ, रात में गश्त की तीव्रता और दायरा बढ़ाया जाए, कैमरा ट्रैप की संख्या बढ़ाकर गुलदार की वास्तविक समय पर निगरानी की जाए और टीमें लगातार गांव तथा आसपास के इलाकों में तैनात रहें।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि ग्रामीणों की सुरक्षा से बड़ा कोई कार्य नहीं है और प्रशासन हर स्थिति में उनके साथ खड़ा है।
एसडीओ फॉरेस्ट श्री सुनील कुमार ने बताया कि मंगोली क्षेत्र में 10 ट्रैप कैमरे और 2 पिंजरे लगाए गए हैं तथा वन विभाग की टीमें लगातार गश्त कर गुलदार की गतिविधियों को ट्रैक कर रही हैं। इसी प्रकार गुलदार की सक्रियता दिखाई देने पर बराकोट के धरगड़ा में भी सुरक्षा प्रबंध मजबूत किए गए हैं।

जिलाधिकारी की देर रात अचानक उपस्थिति से ग्रामीणों में भरोसा बढ़ा है और प्रशासन ने आश्वस्त किया है कि गुलदार की सक्रियता को रोकने और ग्रामीणों की सुरक्षा सुनिश्चित करने हेतु सभी जरूरी कदम युद्धस्तर पर उठाए जा रहे हैं।
निरीक्षण के दौरान एसडीओ फॉरेस्ट सुनील कुमार, अधिशासी अभियंता लोनिवो हितेश कांडपाल, जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी दीप्तकीर्ति तिवारी, डीओ पीआरडी जसवंत खड़ायत सहित वन विभाग के अधिकारी एवं कार्मिक उपस्थित रहे।

आपको बता दें कि चंपावत जिला अधिकारी मनीष कुमार अपने कार्यों के लिए पूरे उत्तराखंड में छाए हुए हैं उनका एक्शन मोड पूरे उत्तराखंड में चर्चा का विषय बना हुआ है कभी वह रात को सवाला डेंजर जोन पहुंच जाते हैं तो कभी रात को जिला अस्पताल का निरीक्षण करने पहुंच जाते हैं वही इस बार तो उनका एक्शन मोड देखने लायक था जहां जंगली गुलदार से ग्रामीण दहशत में है वही रात के अंधेरे में व कड़ाके की ठंड में जिला अधिकारी वन विभाग द्वारा लगाए गए ट्रैकिंग कैमरे व पिंजरे का निरीक्षण करने पहुंचे साथी वन विभाग को निर्देश दिये की जल्द से जल्द रेस्क्यू किया जाए


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